नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी मेडिकल एंट्रेंस परीक्षा NEET-UG 2026 का री-टेस्ट आज (22 जून) देशभर के सैकड़ों केंद्रों पर आयोजित हो रहा है। करीब 22 लाख छात्र एक बार फिर इस कठिन परीक्षा में बैठ रहे हैं। यह दोबारा परीक्षा इसलिए हो रही है क्योंकि 3 मई को हुई मूल परीक्षा को पेपर लीक की रिपोर्ट के बाद NTA (National Testing Agency) ने रद्द कर दिया था**।
क्यों रद्द हुई थी परीक्षा?
3 मई 2026 को आयोजित NEET-UG परीक्षा को लेकर प्रश्न पत्र लीक और परीक्षा में गड़बड़ी की खबरें सामने आई थीं। इन आरोपों के बाद NTA ने पूरे देश में परीक्षा रद्द कर दोबारा कराने का फैसला किया, जिसकी वजह से लाखों ईमानदार छात्रों को दोबारा तैयारी कर परीक्षा देनी पड़ रही है।
सुप्रीम कोर्ट में चुनौती
री-टेस्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गई है। स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय की पूर्व अधिकारी डॉ. मंगला कोहली ने याचिका दायर कर कहा कि पूरी परीक्षा रद्द कर देशव्यापी री-टेस्ट कराना उन लाखों ईमानदार छात्रों के साथ अन्याय है, जिनका किसी गड़बड़ी से कोई लेना-देना नहीं था। याचिका में दलील दी गई कि जांच एजेंसियों के मुताबिक गड़बड़ी “कुछ खास संगठित नेटवर्क तक सीमित” थी, पूरे देश में नहीं फैली थी।
SC ने टाली सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार करते हुए मामले को जुलाई तक टाल दिया** और इसे NEET से जुड़े सभी मामलों की सुनवाई कर रही बेंच को सौंप दिया। यानी फिलहाल री-टेस्ट तय कार्यक्रम के अनुसार ही होगा।
छात्रों के लिए जरूरी बातें
परीक्षा केंद्र पर समय से पहुंचें, एडमिट कार्ड और वैध फोटो ID साथ रखें और NTA की ड्रेस कोड व गाइडलाइंस का पालन करें। दोबारा परीक्षा देने वाले छात्रों के लिए यह दिन बेहद अहम है — संयम और आत्मविश्वास के साथ पेपर दें। NTA ने नकल रोकने के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए हैं।

