मुंबई। BRICS सदस्य देशों के वित्त मंत्रियों और केंद्रीय बैंक गवर्नरों की दो दिवसीय बैठक आज मुंबई में अपने अंतिम दिन पर पहुंच गई। यह बैठक 9-10 सितंबर को आयोजित हुई और आगामी BRICS नेताओं के शिखर सम्मेलन** से पहले की एक अहम तैयारी मानी जा रही है।
बैठक में क्या हुआ
- वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने BRICS बैठक से पहले फाइनेंस ट्रैक के नतीजों की समीक्षा की।
- बैठक में वैश्विक अर्थव्यवस्था, वित्तीय सहयोग और साझा आर्थिक प्राथमिकताओं पर विस्तृत चर्चा हुई।
- सदस्य देशों के बीच व्यापार, निवेश और मुद्रा सहयोग से जुड़े मुद्दों पर भी बातचीत हुई।
आगे बड़ा इवेंट — 18वां BRICS समिट
यह मुंबई बैठक 12-13 सितंबर को दिल्ली के भारत मंडपम में होने वाले 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की तैयारी का हिस्सा है, जिसकी मेजबानी इस बार भारत कर रहा है। यह भारत के लिए कूटनीतिक और आर्थिक दोनों स्तर पर एक बड़ा मौका माना जा रहा है।
भारत के लिए क्यों अहम है यह मेजबानी
| पहलू | महत्व |
|——-|——–|
| वैश्विक नेतृत्व | उभरती अर्थव्यवस्थाओं में भारत की भूमिका मजबूत होगी |
| व्यापार अवसर | BRICS देशों के साथ नई व्यापारिक साझेदारियां संभव |
| कूटनीतिक प्रभाव | वैश्विक मंच पर भारत की आवाज़ और बुलंद होगी |
आगे क्या
दिल्ली में होने वाले शिखर सम्मेलन में BRICS देशों के राष्ट्राध्यक्ष शामिल होंगे, जहां वैश्विक व्यापार, जलवायु परिवर्तन, डिजिटल अर्थव्यवस्था और सुरक्षा जैसे मुद्दों पर बड़े फैसले हो सकते हैं। भारत की तैयारियां अंतिम चरण में हैं, और सुरक्षा तथा प्रोटोकॉल व्यवस्था को लेकर प्रशासन सक्रिय है।
Sources: The Print Hindi | Jantantra TV

