नई दिल्ली। भारतीय बैडमिंटन के लिए गर्व का पल — पुरुष डबल्स जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी ने BWF सुपर 750 चाइना मास्टर्स का खिताब पहली बार अपने नाम किया है। फाइनल में उन्होंने चीन की जी तिंग-रेन शियांग यू की जोड़ी को 11-21, 21-13, 21-17** से हराया।
ऐतिहासिक जीत क्यों है खास
- 2005 में शुरू हुए इस टूर्नामेंट के इतिहास में सात्विक-चिराग पहली भारतीय जोड़ी बन गए हैं जिसने यह खिताब जीता है।
- फाइनल में पहला गेम गंवाने के बाद भारतीय जोड़ी ने शानदार वापसी करते हुए अगले दो गेम अपने नाम किए।
- यह जीत भारतीय बैडमिंटन के लिए चीन की धरती पर मिली एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
खिलाड़ियों की प्रतिक्रिया
खिताब जीतने के बाद सात्विक-चिराग ने कहा कि कोर्ट पर ‘सोची-समझी आक्रामकता’ बनाए रखने की रणनीति ने उन्हें यह जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। जोड़ी ने यह भी कहा कि हाल के महीनों में मिली हार के बाद यह जीत “बुरी किस्मत का सिलसिला तोड़ने” जैसी है।
एशियन गेम्स से पहले बड़ा मनोबल
इस खिताब ने आगामी एशियन गेम्स से पहले सात्विक-चिराग का आत्मविश्वास काफी बढ़ा दिया है। जोड़ी ने कहा कि यह जीत उन्हें आगामी बड़े टूर्नामेंटों के लिए सही दिशा में तैयार करने का काम करेगी।
भारतीय बैडमिंटन के लिए संकेत
सात्विक-चिराग की इस जीत ने एक बार फिर साबित किया है कि भारतीय बैडमिंटन पुरुष डबल्स वर्ग में विश्व स्तर पर मजबूत दावेदारी पेश कर रहा है। आने वाले महीनों में इस जोड़ी से और बड़ी सफलताओं की उम्मीद बंधी है।
Sources: India TV | Times Now Hindi

