नई दिल्ली. महीनेभर से जंतर-मंतर पर चल रहा Cockroach Janta Party (CJP) का आंदोलन सोमवार को अपने सबसे तनावपूर्ण मोड़ पर पहुंच गया। मानसून सत्र के पहले दिन निकाला गया ‘चलो संसद’ मार्च हिंसक टकराव में बदल गया — दिल्ली पुलिस को प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज और आंसू गैस का सहारा लेना पड़ा। 100 से ज्यादा प्रदर्शनकारी हिरासत में लिए गए, जिनमें CJP संस्थापक अभिजीत डिपके भी शामिल** रहे।
टकराव में दोनों तरफ चोटें
- 50 से ज्यादा पुलिसकर्मी और 50 से ज्यादा प्रदर्शनकारी घायल होने की खबर
- RAF ने प्रदर्शनकारियों पर आंसू गैस का इस्तेमाल किया
- 100+ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर अलग-अलग थानों में ले जाया गया
- कई मेट्रो स्टेशन एहतियातन बंद करने पड़े
- पुलिस ने मार्च को ‘अवैध’ घोषित किया (New Delhi जिले में धारा 163 पहले से लागू थी)
पुलिस के मुताबिक कार्रवाई कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए की गई; वहीं प्रदर्शनकारियों ने बल प्रयोग का आरोप लगाया — *’क्या यह हमारा देश नहीं है?’
CJP प्रतिनिधि नड्डा से मिले, रखीं 3 मांगें
टकराव के बीच बातचीत का रास्ता भी खुला। रिपोर्ट्स के मुताबिक CJP के प्रतिनिधि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मिले और अपनी तीन प्रमुख मांगें दोहराईं:
1. शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को बर्खास्त किया जाए
2. सोनम वांगचुक को ‘रिहा’ किया जाए (अस्पताल से)
3. NEET अभ्यर्थियों के जिन परिवारों ने आत्महत्या से बच्चे खोए, उन्हें **₹1-1 करोड़ मुआवजा
इसके बाद प्रदर्शनकारियों को जंतर-मंतर से हटाया गया।
वांगचुक अस्पताल से अड़े — हड़ताल जारी
आंदोलन के चेहरे सोनम वांगचुक सफदरजंग अस्पताल में भर्ती हैं और अब भी अनशन पर अड़े हैं। ताजा अपडेट:
- अस्पताल के मुताबिक वे गंभीर रूप से डिहाइड्रेटेड और कमजोर, पर vital पैरामीटर (BP/पल्स/ऑक्सीजन) स्थिर
- 21 दिन से अन्न-जल-ग्लूकोज कुछ नहीं लिया; इलाज और फ्लूइड लेने से इनकार जारी
- वांगचुक ने कहा — जब तक युवा नेताओं को सांसदों से मिलने की इजाजत नहीं मिलती (या उन्हें अस्पताल से यह इजाजत नहीं मिलती), हड़ताल जारी रहेगी
- पत्नी की शर्त बरकरार — उनकी सहमति बिना कोई इलाज नहीं
आज सत्र के दूसरे दिन और आंदोलन के अगले कदम पर सबकी नजर रहेगी। सरकार की ओर से मांगों पर औपचारिक जवाब का इंतजार है।
(आरोप और मांगें प्रदर्शनकारियों/CJP के हैं; पुलिस कार्रवाई का आधार कानून-व्यवस्था; सेहत संबंधी जानकारी अस्पताल के हवाले से। घटनाक्रम तेजी से बदल रहा है।)
Sources: India TV | Outlook India | ETV Bharat

