नई दिल्ली. महीनेभर से चल रहे NEET पेपर लीक आंदोलन का शनिवार-रविवार को पटाक्षेप हो गया। Cockroach Janta Party (CJP) ने जंतर-मंतर पर अपना धरना खत्म करने का ऐलान करते हुए कहा कि उनकी सभी मांगें मान ली गई हैं। इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मंजूर कर लिया और प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार** सौंप दिया गया।
CJP का ऐलान: ‘सभी मांगें मानी गईं, घर लौटें’
धरना खत्म करते हुए CJP प्रवक्ता ने साफ शब्दों में कहा:
- ‘हमारी सभी मांगें मान ली गई हैं, इसलिए हम प्रदर्शनकारियों से अनुरोध करते हैं कि वे तुरंत वापस लौट जाएं और शांतिपूर्ण ढंग से घर जाएं।’
- यानी आंदोलन ने अपना मकसद पूरा होते ही खुद को समेट लिया — जो एक जिम्मेदार समापन का संकेत है
- 20 जून से शुरू हुआ यह Gen-Z सैटायर आंदोलन अब औपचारिक रूप से समाप्त
सरकार के ठोस कदमों से सुलझा मामला
पूरे घटनाक्रम पर नजर डालें तो सरकार ने हर मोर्चे पर सक्रियता दिखाई और मामला सुलझा:
- CBI जांच + परीक्षा रद्द + री-एग्जाम (21 जून) — गड़बड़ी सामने आते ही त्वरित कार्रवाई
- NTA ने 47 अधिकारी हटाए, कुछ पर आपराधिक कार्रवाई
- पेपर-लीक विधेयक का ऐलान — फास्ट-ट्रैक कोर्ट और कड़ी सजा (संसद में पेश होना है)
- मृत परीक्षार्थियों के परिवारों को मुआवजा और प्रदर्शनकारियों पर FIR वापसी पर सहमति
- और अंत में धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा — जिसमें उन्होंने कहा कि छात्रों का भविष्य सियासी जंग का शिकार न बने
यानी परीक्षा सुधार (कानून), जवाबदेही (CBI/NTA कार्रवाई), राहत (मुआवजा/FIR) और नैतिक जिम्मेदारी (इस्तीफा) — चारों स्तर पर समाधान निकला।
प्रह्लाद जोशी संभालेंगे शिक्षा मंत्रालय
- राष्ट्रपति के निर्देश पर प्रह्लाद जोशी को अपने मौजूदा विभागों के साथ-साथ शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है
- वे अगले आदेश तक मंत्रालय की जिम्मेदारी संभालेंगे; स्थायी शिक्षा मंत्री की घोषणा अभी बाकी है
- अब सरकार का पूरा फोकस संसद में आने वाले पेपर-लीक विधेयक और परीक्षा व्यवस्था को पुख्ता बनाने पर रहेगा
बड़ी तस्वीर यह है कि छात्रों की असली जीत किसी टकराव में नहीं, बल्कि व्यवस्था के सुधरने और ठोस कानून बनने में है — और सरकार ने संवाद व कार्रवाई के जरिए इसी दिशा में मामले को सुलझाया। असली परख अब इस बात की होगी कि आने वाला पेपर-लीक कानून कितना सख्त और प्रभावी बनता है।
(समाचार तथ्य ऊपर दिए स्रोतों पर आधारित हैं; CJP के बयान उनके प्रवक्ता के हवाले से हैं, सरकारी कदम आधिकारिक घोषणाओं पर आधारित हैं।)
Sources: Al Jazeera | India TV | The Week

